बाराबंकी, अक्टूबर 31 -- जिले में निजी बस संचालकों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। सुविधाओं के अभाव और प्रशासनिक उदासीनता से अपना व्यवसाय ही बंद करना शुरू दिया है। बस मालिकों का कहना है कि उन्हें न तो बस स्टैंड पर ठहरने की उचित जगह मिल रही है और न ही यात्री सुविधाओं के लिए कोई व्यवस्था की गई है। ऊपर से बढ़ती डीज़ल कीमतें, टैक्स का बोझ और सड़कों की खराब हालत ने उनका संचालन और भी कठिन बना दिया है। आरोप है कि प्रशासन से शिकायत के बावजूद समस्याओं पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। अब मजबूरी में कई लोग इस व्यवसाय से बाहर हो रहे हैं, इससे जिले के जैदपुर, फतेहपुर, सिद्धौर सहित ग्रामीण इलाकों में परिवहन व्यवस्था चरमरा गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि निजी बसें बंद होने से उन्हें आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। दूसरी और कतिपय स...