बलिया, मार्च 3 -- शहरी इलाकों की सुख-सुविधा का ख्याल रखने वाली नगरपालिका और उसके कर्मचारी खुद ही संसाधनों के मोहताज हैं। कार्यालय परिसर में न शौचालय-यूरिनल है और न पीने का साफ पानी। उसका आरओ महीनों से खराब है। कर्मचारियों को उनके वेतन से एनपीएस की होने वाली कटौती का लेखा-जोखा नहीं मिलता। सर्विस बुक किसी कर्मचारी का अपडेट नहीं है। रिटायर होने पर न सम्मान के साथ विदाई होती है, न नियमानुसार देयकों का भुगतान होता है। दूसरे विभागों की तरह नपा में हेल्प डेस्क नहीं है जहां कर्मचारी अपनी बातें रख सकें। नगरपालिका के सभागार में 'हिन्दुस्तान से बातचीत में कर्मचारियों ने बातचीत शुरू की तो समस्याओं की फेहरिस्त लंबी होती गई। स्वायत शासन कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष भारत भूषण मिश्र ने कहा कि पिछले पांच वर्षों से एनपीएस की कटौती की जा रही है लेकिन यह धनराश...
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