फिरोजाबाद, जून 16 -- फिरोजाबाद। नगर पालिका से नगर निगम बना और फिर स्मार्ट सिटी का दर्जा भी मिल गया। करोड़ों रुपये भी लगातार नगर निगम को विकास के नाम पर मिल रहे हैं लेकिन इस धनराशि को अगर लगाने की बात आए तो उन क्षेत्रों में नहीं लगाया जाता जहां पर विकास अभी तक लोगों को छू नहीं सका है। जो गलियां, नालियां पहले से बनी हैं उनको ही दोबारा संवारने में और जो सड़कें दुरुस्त हैं उनके ऊपर फिर से नयी लेयर चढ़ाने में टेंडर हो जाते हैं। लोगों को पता तक नहीं चलता कि कब विकास हो गया, रातोंरात कई क्षेत्रों का काम हो जाता है। लेकिन जो नई आबादी वाले इलाके हैं वहां नीचे ऊंचे मार्ग और कभी न बनी सड़कों वाली गलियों में विकास की किरण नहीं पहुंच पाती। कारण कमीशन का खेल। जिन इलाकों में विकास नहीं हुआ है वहां पर पूरा काम कराया जाएगा तो ठेकेदार को कुछ नहीं बचेगा। ये बात...
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