फर्रुखाबाद कन्नौज, मई 2 -- सेना और पुलिस की भर्ती में बेहतर भविष्य का सपना संजोए नौजवानों के लिए अपने शहर में कोई रनिंग ट्रैक तक नहीं है। शहर के जो मैदान हैं उनमें या तो अवैध कब्जे हैं या फिर वहां दौड़ने लायक जगह नहीं है। फर्रुखाबाद-फतेहगढ़ मुख्य मार्ग के फुटपाथ भी अवैध कब्जे की चपेट में हैं। ऐसे में नौजवानों को दुष्कर स्थिति से जूझना पड़ता है। नौजवान या तो ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों पर दौड़ लगाने निकल जाते हैं या फिर खेतों की पगडंडियों का सहारा लेते हैं। आपके अपने अखबार 'हिन्दुस्तान से चर्चा के दौरान अशोक कुमार कहते हैं कि शहर में यदि फुटपाथ पर दौड़ा जाए तो खतरा ही खतरा रहता है। क्योंकि सुबह भी काफी ट्रैफिक बना रहता है। ऊपर से फुटपाथ खाली ही नहीं है। वह अतिक्रमण की चपेट में हैं। संतोष कुमार कहते हैं कि शहर में ही रोजाना एक से डेढ़ हजार नौजवान...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.