नई दिल्ली, नवम्बर 13 -- टेंगरा मोड़ को दुर्घटनाओं का 'हब' कहा जाए तो अतिशयोक्ति नहीं होगी। वाहनों की तेज रफ्तार, हर मोड़ पर वाहनों और ठेले वालों का अतिक्रमण हादसों का कारण बन रहा है। यहां स्पीड ब्रेकर नहीं हैं। यहां बने स्टैंड पर बसें खड़ी नहीं होती। ऑटो स्टैंड नहीं है। उन पर अतिक्रमण हो गया है। सड़क की दशा खराब है। थोड़ी सी चूक जानलेवा हो जाती है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर यहां जगह-जगह स्पीड ब्रेकर बना दिए जाएं तो रफ्तार पर अंकुश लगेगा और दुर्घटनाओं की आशंका कम हो जाएगी। वाहनों की 24 घंटे आवाजाही से 'रूबरू' रहने वाले टेंगरा मोड़ के निवासी हर समय इस आशंका में रहते हैं कि कहीं किसी दुर्घटना की खबर न सुनने को मिल जाए। दुर्घटनाएं किसी के वश में नहीं हैं, लेकिन 'व्यवस्था' से इस पर अंकुश तो लगाया ही जा सकता है। 'हिन्दुस्तान' से बातची...