अयोध्या, जुलाई 16 -- नगर पंचायतों, नगर पालिका और नगर निगम द्वारा छुट्टा मवेशियों को अभियान चलाकर पकड़ने के बावजूद शहरों में सड़कों-चौराहों पर खड़े इनके झुंड की वजह से हादसे होते हैं। जिले में शहर से लेकर गांव तक लगभग 5000 छुट्टा मवेशी खेतों, जिले ग्रामीण बाजार और सब्जी मंडियों के आसपास हर समय विचरण करते रहते हैं। हालांकि छुट्टा मवेशियों के संरक्षण के लिए जनपद में 76 गौशालाएं स्थायी और अस्थायी बनायी गयी हैं। नगर निगम अयोध्या की अपनी बैसिंह गौशाला में 3500 से अधिक छुट्टा मवेशियों को पकड़कर संरक्षित किया गया है। लेकिन इसके बाद भी शहर की सड़कों पर 500 से अधिक छुट्टा मवेशी हर समय अलग-अलग स्थानों पर दिखाई पड़ते हैं। छुट्टा मवेशियों से ही नहीं, शहर के लोग आवारा कुत्तों से भी त्रस्त हैं। शहर का कोई ऐसा गली मोहल्ला न हो, जहां आवारा कुत्ते झुंड में...
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