नई दिल्ली, जून 7 -- हिंदी फिल्मों ने हमें कई यादगार किरदार दिए हैं। रोमांटिक फिल्मों में लीड हीरो-हीरोइन ने अपनी छाप छोड़ी। वहीं अगर स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्मों की बात करें तो एक कोच के किरदार ने ऑडियंस को इम्प्रेस करने में कोई कसर नहीं छोड़ी। फिल्मों के ये कोच अपनी सदी हुई एक्टिंग और किरदार पर अपनी पकड़ से कहानी को आगे बढ़ाने में कामयाब हुए। फिर चाहे चक दे इंडिया के कबीर खान हो या मैदान के सैयद अब्दुल रहीम। ये फिल्में और ये किरदार ऑडियंस के लिए हमेशा यादगार रहेंगे। चक दे इंडिया साल 2007 में शाहरुख खान एक फिल्म ले आए चक दे इंडिया। देश में क्रिकेट को ज्यादा पसंद किया जाता है ऐसे में इस स्पोर्ट्स ड्रामा के सफल होने की उम्मीदें कम थीं। लेकिन कोच कबीर खान का किरदार निभाने वाले शाहरुख खान ने ऑडियंस पर अपने किरदार की ऐसी छाप छोड़ी कि ये किरदार सबसे सफल...