दरभंगा, मार्च 29 -- बहेड़ी। अंचल क्षेत्र के चकवा भरवारी पंचायत क्षेत्र के बेंता गांव के मोची टोल में शुक्रवार को चारों तरफ मायूसी ही मायूसी दिख रही थी। सभी अग्नि पीड़ीत परिवार के लोग हर आने जाने वाले अनजान लोगों को टकटकी व हसरत की निगाह से देख रहे थे। उन लोगों को लग रहा था कि हो सकता है कौन क्या देने आए हों या नाम लिखकर व फोटो खींचकर ले जाएंगे तो, क्या अधिक से अधिक जरूरत की समान हम लोगों को देंगे। अधिकांश अग्नि पीड़ित परिवारों के पास स्नान के बाद पहनने के लिए दूसरे कपड़े तक नहीं थे। दिलासा देने पहुंच रहे सगे संबंधी भी उन लोगों के हालात देखकर फफक पड़ते थे। कई जगहों पर भूसा व गोबर के ढेर में अभी भी आग जल रही थी। आग बुझने के बाद पीड़ित परिवार के लोग जले पड़े सामानों में से कुछ कुछ काम की चीजों को चुनने व बीनने का काम भी करते देखे गए। अग्नि की भयावत...
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