बेगुसराय, अक्टूबर 19 -- नावकोठी, निज संवाददाता। महापर्व छठ नदी घाटों पर ही होता है। भगवान भुवन भास्कर को अस्ताचलगामी और उदीयमान सूर्य को अर्घ्य देकर ही यह पर्व संपन्न होता है। प्रखंड का दक्षिणी और उत्तरी सीमा पर जलस्रोत के रुप में बूढ़ी गंडक तथा काबर बगरस नहर स्थित है। महेशवाड़ा,बभनगामा, पहसारा, वृन्दावन,टेकनपुरा, डफरपुर, कमलपुर, अब्बुपुर, छतौना, नावकोठी,नाथ बागर, हसनपुर बागर,इसफा, देवपुरा, नीरपुर,समसा, जीतपुर आदि गांवों के छठव्रती बूढ़ी गंडक नदी के किनारे तथा तालाब में भगवान सूर्य को अर्घ्य देते हैं। इसी प्रकार पहसारा पूर्वी पंचायत के देवरा, गरही,मजनूपुर, गम्हरिया काबर बगरस नहर के किनारे तो रजाकपुर, गौरीपुर, सैदपुर, विष्णुपुर के छठव्रती मोईन किनारे तथा तालाब में सूर्य को अर्घ्य देकर इस पर्व को मनाते हैं। अधिसंख्यक छठव्रती बूढ़ी गंडक नदी ...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.