उन्नाव, जनवरी 3 -- उन्नाव। जनपद के गांव व कस्बों में पानी अब जीवन नहीं, बीमारी का कारण बन गया है। ऐसे में अस्पतालों में जल जनित बीमारियों से पीड़ित मरीज तेजी से बढ़े हैं। आलम यह है की सरकारी अस्पतालों की ओपीडी में रोजाना 10 से 20 मरीज उल्टी-दस्त की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों के मुताबिक अधिकांश मामलों में बीमारियों की जड़ दूषित पेयजल है, जिसमें खतरनाक बैक्टीरिया, वायरस और परजीवी मौजूद हैं। जल प्रदूषण जनपद के नागरिकों को लगातार बीमारियों की सौगात बांट रहा है।आलम यह है कि नगर क्षेत्रों से लेकर ग्रामीण इलाकों तक हैंडपंपों व बोरवेल से निकलने वाले पानी में भी ऐसे तत्व व परजीवी मौजूद हैं, जो लोगों का स्वास्थ्य प्रभावित कर रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक दिसंबर माह में ही उल्टी-दस्त, पेट दर्द और बुखार से पीड़ित 350 से अधिक...