धनबाद, जुलाई 20 -- धनबाद, प्रमुख संवाददाता बीबीएमकेयू के स्नातकोत्तर हिन्दी विभाग में शनिवार को दो शोधकर्ता अमृता रानी और शिवानी गुप्ता ने अपने शोध का द्वितीय वार्षिक प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मानविकी संकायाध्यक्ष डॉ अमिता वर्मा ने की। अमृता रानी ने अपने शोध विषय नागार्जुन के उपन्यासों में आंचलिकता एवं मार्क्सवादी दृष्टिकोण-एक अध्ययन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नागार्जुन के साहित्य में ग्रामीण जीवन, दलित, आदिवासी, किसान और स्त्रियों की सामाजिक दशा को दर्शाया है। इसमें मार्क्सवादी विचारधारा की गहरी छाया मिलती है। वहीं शिवानी गुप्ता ने अपने शोध विषय अनामिका का समग्र साहित्य- एक विश्लेषणात्मक अध्ययन के अंतर्गत स्त्री अस्मिता, पितृसत्तात्मक समाज और महिला संवेदनाओं को गहराई से उकेरते हुए बताया कि अनामिका का लेखन...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.