पूर्णिया, दिसम्बर 3 -- पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। बिहार के सरकारी स्कूलों में शनिवार को हाफ-डे की पुरानी व्यवस्था को लेकर एक बार फिर विमर्श शुरू हो गया है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य इन्तेखाब आलम ने कहा है कि राज्य के शैक्षणिक इतिहास में यह वह दौर था जब शनिवार की कक्षाएं दोपहर तक संचालित होती थीं। उसके बाद छात्रों को खेल-कूद, पुस्तकालय अध्ययन और अन्य रचनात्मक गतिविधियों के लिए खुला समय मिल जाया करता था। शिक्षक भी इस दिन को हल्के शैक्षणिक बोझ और अधिक संवादपूर्ण शिक्षण के लिए याद करते हैं। वहीं केन्द्रीय विद्यालय संगठन द्वारा संचालित विद्यालयों में शनिवार को पूर्ण अवकाश का प्रावधान लागू है, जहां सप्ताह में पांच दिन की कक्षाओं के बाद छठा दिन शिक्षक और छात्रों को शैक्षणिक नवाचार, आत्म-अध्ययन और विश्राम का अवसर देता है। यही विवि...
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