पूर्णिया, अगस्त 1 -- पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने लोकसभा में सप्लीमेंट्री डिबेट के दौरान एक अत्यंत महत्वपूर्ण और संवेदनशील विषय को उठाते हुए बिहार के साथ हो रहे आर्थिक भेदभाव की ओर सदन का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि बिहार के मेहनतकश लोगों को उनके ही राज्य में बैंक ऋण, संसाधनों और रोजगार के अवसरों से वंचित रखा जा रहा है, जो न केवल संवैधानिक समानता के सिद्धांत की अवहेलना है, बल्कि सामाजिक-आर्थिक असमानता को भी दर्शाता है। पप्पू यादव ने बताया कि वर्ष 2023-24 में बिहार की प्रति व्यक्ति आय मात्र Rs.66,828 है, जबकि देश की औसत प्रति व्यक्ति आय 2,28,000 है। यह आंकड़े इस बात का प्रमाण हैं कि बिहार आज भी विकास की दौड़ में पिछड़ा हुआ है। उन्होंने सवाल किया कि क्या यह राष्ट्र निर्माण में ब...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.