लखनऊ, अक्टूबर 11 -- बिजली की नई दरें जारी करने को लेकर नियामक आयोग असमंजस में है। पावर कॉरपोरेशन बढ़ी दरों के साथ दरें जारी करवाने में जुटा है, जबकि राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद बीते साल जितनी ही दरें रखने या उसमें कमी किए जाने का दबाव बना रहा है। बिजली की नई दरें तय करने की अधिकतम मियाद को बीते महीना भर से ज्यादा बीत चुका है। विद्युत अधिनियम-2003 के मुताबिक बिजली कंपनियों द्वारा दाखिल वार्षिक राजस्व आवश्यकता (एआरआर) प्रस्ताव नियामक आयोग द्वारा स्वीकार किए जाने के 120 दिनों के भीतर बिजली की नई दरें जारी करनी होती हैं। नियामक आयोग द्वारा एआरआर स्वीकार किए हुए 152 दिन बीत चुके हैं। सुनवाई की प्रक्रिया जुलाई में पूरी हो गई थी। राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि आयोग बिजली दरें बीते साल जितनी ही रखे या उसमें क...
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