विकासनगर, अप्रैल 14 -- बैसाखी पर्व पर गंगभेवा बावड़ी मेला में लोग जमकर खरीदारी कर रहे हैं। 21 वीं सदी में भी मेले की पौराणिकता बरकरार है। मेले के दूसरे दिन कृषि औजार और घरेलू सजावट का सामान खरीदने पर जोर रहा। काश्तकारों ने जहां खेती में उपयुक्त औजारों की खरीदारी की, वहीं महिलाओं ने चाट-पकौड़ी का आनंद लेने के साथ ही सजने संवरने का सामान खरीदा। बच्चों की पहली पसंद झूले रहे। बावड़ी में बैसाखी पर्व पर मेले की शुरुआत कई दशक पूर्व हुई थी। माना जाता है कि मेले का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को जरूरत का सामान उपलब्ध करवाना था। रविवार से शुरू हुए इस मेले में विशेषकर गर्मी के मौसम में काम आने वाले मिट्टी के घड़े, बांस के पंखों की दुकानें सज गई हैं। बैसाखी के दिन से ही फसल काटने की शुरुआत की जाती है। लिहाजा फसल काटने वाले औजारों की बिक्री भी बहुतायत में ह...
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