बांदा, अगस्त 5 -- बांदा। संवाददाता यमुना, केन और चंद्रावल उफनाने से पैलानी क्षेत्र में बाढ़ का कहर है। ग्राम पंचायत नांनादेव का मजरा शंकारपुरवा पानी से घिरने पर वहां रहने वाले 62 परिवारों ने टीले पर शरण ले रखी है। प्रशासन की ओर से मुहैया कराई गई बरसाती पन्नी के सहारे गुजर-बसर कर रहे हैं। लगातार दूसरे दिन सुबह से शाम तक रिमझिम बारिश से हुई। इससे टीले में फंसे कई ग्रामीण और बच्चे सर्दी-खांसी, जुकाम-बुखार से ग्रसित हो चुके हैं। टीले पर शरण लिए शंकरपुरवा के संतोष, विशाल, अजय, धर्मेंद्र, राजकुमार ने बताया कि बारिश के चलते खाना तक नहीं बन पा रहा है। छोटे-छोटे बच्चे बिलख रहे हैं। प्रशासन से मजबूती से मदद नहीं मिल पा रही है। कई महिलाएं और बच्चे बुखार, खांसी जुकाम की चपेट में आ चुके हैं। रोशनी का इंजताम न होने से रात में जहरीले जीव-जंतु का भय बना ...
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