रांची, मई 7 -- राहे, प्रतिनिधि। कूदाडीह गांव के पास बांस वन जंगल में घायल हथिनी के बेहतर इलाज के लिए तीन इंजेक्शन लगाया गया। दिन भर के रेस्क्यू के बाद देर शाम हथिनी की साथ छोटे हाथियों को बेहोशी का इंजेक्शन दिया गया। इसके बाद हथिनी को इंजेक्शन लगाया गया। हालांकि चिकित्सक का कहना था कि बेहोश करने के बाद ही घाव में मरहम पट्टी की जाती है। देर शाम तक हथिनी बेहोश नहीं हुई थी। इलाज के लिए आगरा के चिकित्सक गो चेले, प्रभात पाड़ी, अनल सिंह, पलामू टाइगर रिजर्व के सुनील पटियार, वनपाल खिरोद सिंह मुंडा, नितेश केशरी, रोशन श्रीवास्तव, एस टुंडी, दिलीप कुमार आदि मौजूद थे। रेस्क्यू खूंटी डीएफओ के निर्देशानुसार किया गया। डॉक्टरों का कहना है कि घायल हथिनी के घाव में दवा देने तक इलाज प्रक्रिया जारी रहेगी।
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