बांका, सितम्बर 15 -- बांका, नगर प्रतिनिधि। बांका भागलपुर रेलखंडपर बांका जिला के लाइफ लाइन कहे जाने वाले चांदन नदी पर बने रेलवे ब्रिज की स्थिति बेहद ही नाजुक बनी हुई है। इस ब्रिज से होकर सामान्य दिनों में करीब आधे दर्जन से अधिक ट्रेनों का परिचालन होता है। जबकि सावन मास में अथवा भागलपुर-जमालपुर रेलखंड पर बाढ़ की स्थिति में यह संख्या एक दर्जन तक पहुँच जाता है। इस बांका-भागलपुर रेलखंड पर दौड़ते आधे दर्जन ट्रेनों में हज़ारों यात्री प्रतिदिन सफर करते हैं। तकरीबन 20 वर्ष से भी अधिक पुराने व आधे किलोमीटर से भी अधिक लंबा यह रेलवे ब्रिज आज अपनी दुर्दशा पर केवल लाचार होकर आंसू बहा रहा है। बीते एक दशक में जिस प्रकार से बालू माफियाओं ने चांदन नदी से अवैध बालू उठाव का कार्य किया है उससे यह प्रतीत होता है कि बालू माफियाओं को जिला के भोली भाली जानता से कोई...
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