बहराइच, दिसम्बर 7 -- बहराइच, संवाददाता। गर्भवती महिलाओं के बीच आयरन-फोलिक एसिड गोलियों का नियमित सेवन लंबे समय से चुनौती बनी हुई है। उल्टी, गैस और काले मल जैसी परेशानियों का डर और मिथकों के कारण कई महिलाएं गोलियां नियमित नहीं ले पातीं, लेकिन जिले के 210 गांवों में लाल बिंदी वाला फोल्डर गर्भवतियों को दवा लेने के लिए प्रेरित कर रहा है। आगा खान फाउंडेशन और आशा कार्यकर्ताओं के प्रयासों से सात ब्लॉकों के 210 गांवों में लाल बिंदी वाला फोल्डर का प्रयोग किया जा रहा है। अशोक कुमार बताते हैं कि इस पहल से 1683 महिलाओं ने नियमित आयरन लेना शुरू किया, जिनमें से 1491 ने स्वस्थ शिशु जन्म दिया और 690 का हीमोग्लोबिन 11 ग्राम से अधिक पहुंच चुका है। बलहा ब्लॉक की एएनएम रेखा बताती हैं कि फोल्डर के साथ पोषण वाटिकाओं और नियमित प्रसवपूर्व जांच से आयरन-कैल्शियम क...