लखीसराय, दिसम्बर 2 -- चानन, निज संवाददाता। गांव की तस्वीर व तकदीर बदलने का प्रयास पंचायत प्रतिनिधियों द्वारा किया जा रहा है, बावजूद गांवों का समुचित विकास संभव नहीं हो पा रहा है। ऐसा ही उदाहरण गोहरी पंचायत के बलहपुर गांव का है। यहां सरकार की तमाम योजनाएं महज कागजी घोड़ा बनकर रह गया है। गांव में जहां -तहां बिखरे कूड़े स्वच्छता अभियान की हवा निकाल रही है। यहां रह रही आबादी को समग्र विकास का अब भी इंतजार है। कहने को तो पंचायत मुखिया रविचन्द्र भूषण उर्फ रवि राम द्वारा पी.एम आवास, वृद्धा पेंशन, विधवा पेंशन सहित अन्य विकास कार्यों को तवज्जों दिया जा रहा है। लेकिन जल निकासी की व्यवस्था सुदृढ़ नहीं रहने से सड़क पर हमेशा पानी जमा रहता है। करीब डेढ़ हजार की आबादी वाले इस गांव में जल निकासी की समस्या वर्षों से गंभीर बनी हुई है। जल निकासी व्यवस्था सुदृढ़ क...