नई दिल्ली, फरवरी 2 -- RBI MPC 2026: बजट के बाद अब आम आदमी समेत शेयर बाजार और अर्थशास्त्रियों की नजर 6 फरवरी 2026 को होने वाली भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति बैठक पर है। बता दें कि उससे पहले अधिकतर बड़े आर्थिक संस्थानों के अर्थशास्त्रियों की राय एक जैसी नजर आ रही है। नोमुरा, सिटी इंडिया, एसबीआई, जेपी मॉर्गन और देश के पूर्व मुख्य सांख्यिकीविद् प्रोणब सेन समेत कई विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं करेगी। उनका कहना है कि आरबीआई फिलहाल महंगाई के रुझान, रुपये की चाल और वैश्विक हालात को और साफ तौर पर समझना चाहेगा, इसलिए "रुककर देखने" की रणनीति अपनाई जा सकती है।क्या है अनुमान अर्थशास्त्रियों के मुताबिक, आने वाले समय में रुपये पर दबाव, ग्लोबल मार्केट की अस्थिरता और विदेशी पूंजी के प्रव...