मुजफ्फरपुर, फरवरी 28 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। संडे हो या मंडे रोज खाओ अंडे वाला स्लोग्न तो छोड़िए, सरकारी स्कूल के बच्चों को फ्राइडे को भी अंडा नहीं मिल रहा है। यही नहीं, अभिभावकों से उनके बच्चों के शाकाहारी होने का शपथपत्र भी देने को कहा जा रहा है। स्कूलों में बच्चों की थाली में परोसे जाने वाले भोजन में घालमेल किया जा रहा है। अंडा खाने वाले बच्चों को भी स्कूल शाकाहारी बता रहे हैं। जिले के अलग-अलग प्रखंड के सैकड़ों स्कूलों की जांच में यह सामने आया है। दाम ज्यादा होने से स्कूल बच्चों को अंडा देने से परहेज कर रहे हैं। साढ़े पांच लाख से अधिक बच्चे कक्षा एक से आठ में जिले के स्कूलों में नामांकित हैं। इन बच्चों में से चार लाख को अंडा नहीं मिलने की जांच शुरू की गई है। डीपीओ मध्याह्न भोजन ने इसको लेकर सभी प्रखंड के बीईओ और हेडमास्टर को नि...
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