औरैया, फरवरी 5 -- अछल्दा, संवाददाता। क्षेत्र में बच्चों पर जानवरों के हमले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। खासकर कुत्तों के काटने के मामले बिल्ली और बंदर से कहीं ज्यादा सामने आ रहे हैं। वर्ष 2026 के पहले महीने जनवरी में अछल्दा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कुत्तों के काटने के कुल 459 मामले दर्ज किए गए, जो चिंता का विषय बनते जा रहे हैं। वहीं बिल्ली और बंदर के काटने के करीब 12 मामले सामने आए हैं। इसके अलावा गाय, भैंस, घोड़ा और चूहे जैसे अन्य जानवरों के काटने से 1 से 2 पीड़ित भी अस्पताल पहुंचे। अस्पताल में इलाज के दौरान पीड़ितों से बातचीत में सामने आया कि कुत्तों के हमले का सबसे ज्यादा शिकार 3 से 14 वर्ष तक के बच्चे हुए हैं। गली-मोहल्लों में खेलते समय बच्चों पर आवारा कुत्तों ने हमला किया। इसके बाद बुजुर्गों की संख्या रही, जिनकी सुरक्षा समय पर परिजन नह...