नई दिल्ली, जनवरी 30 -- बच्चों का जन्म किसी भी कपल की जिंदगी का सबसे खूबसूरत पल होता है, लेकिन इसके साथ ही रिश्ते की परीक्षा भी शुरू हो जाती है। बच्चे के आने के बाद जिंदगी सिर्फ पेरेंटिंग तक सीमित हो जाती है और पार्टनरशिप पीछे छूटती जाती है। नींद की कमी, बढ़ती जिम्मेदारियां, करियर का दबाव और लगातार बदलती दिनचर्या- इन सबके बीच पार्टनर के साथ जुड़ाव धीरे-धीरे कम होने लगता है। कई बार कपल्स सिर्फ 'मां-बाप' बनकर रह जाते हैं और 'पति-पत्नी' वाला रिश्ता बैक सीट पर पहुंच जाता है। लेकिन याद रखें, पेरेंटिंग एक टीम स्पोर्ट है और अगर टीम मजबूत नहीं होगी तो खेल जीतना भी मुश्किल हो जाएगा।इन 5 आदतों से रिश्ता और पेरेंटिंग दोनों को संतुलित रख सकते हैं-छोटे जेस्चर से इंटिमेसी बनाए रखें: रिश्ते में नजदीकी बनाए रखने के लिए बड़े सरप्राइज जरूरी नहीं होते। एक दू...