नई दिल्ली, नवम्बर 13 -- कलकत्ता हाईकोर्ट ने वरिष्ठ नेता मुकुल रॉय की पश्चिम बंगाल विधानसभा की सदस्यता दल-बदल विरोधी कानून के तहत गुरुवार को रद्द कर दी। रॉय मई 2021 में भाजपा के टिकट पर सदन के लिए चुने गए थे, लेकिन उसी साल अगस्त में वह मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी की मौजूदगी में राज्य के सत्तारूढ़ दल में शामिल हो गए थे। न्यायमूर्ति देबांग्शु बसाक की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी और भाजपा विधायक अंबिका रॉय की याचिकाओं पर फैसला सुनाते हुए रॉय को राज्य विधानसभा की सदस्यता के लिए अयोग्य घोषित कर दिया। अधिकारी ने विधानसभा अध्यक्ष बिमान बनर्जी के उस फैसले को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी जिसमें रॉय को दल-बदल विरोधी कानून के तहत अयोग्य ठहराने के अनुरोध संबंधी उनकी ...
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