नई दिल्ली, जनवरी 10 -- महाराष्ट्र की राजनीति में पिछले दो सालों से जारी कड़वाहट और खींचतान के बीच शनिवार को एक बेहद चौंकाने वाली और महत्वपूर्ण तस्वीर सामने आई। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) में फूट के बाद पहली बार उपमुख्यमंत्री अजीत पवार और उनकी चचेरी बहन सुप्रिया सुले ने एक साथ मंच साझा किया। अवसर था पुणे और पिंपरी-चिंचवड नगर निगम चुनावों के लिए 'साझा घोषणापत्र' जारी करने का। आपको बता दें कि जुलाई 2023 में अजीत पवार द्वारा अपने चाचा शरद पवार से बगावत कर एकनाथ शिंदे सरकार में शामिल होने के बाद यह पहला मौका है जब दोनों गुटों के शीर्ष नेता इस तरह एक साथ नजर आए हैं। महाराष्ट्र की 29 स्थानीय निकायों में 15 जनवरी को मतदान होना है। हालांकि अजीत पवार की राकांपा सत्ताधारी 'महायुति' का हिस्सा है और सुप्रिया सुले की राकांपा (शरद चंद्र पवार) विपक...