अररिया, दिसम्बर 5 -- फारबिसगंज, निज संवाददाता। नरपतगंज की ग्रामीण गलियों से लेकर फारबिसगंज के व्यस्त बाज़ारों तक इन दिनों सबसे ज्यादा चर्चा एक ऐसी घटना की है जिसने मानवता, विश्वास और महिला सशक्तिकरण-तीनों को कटघरे में खड़ा कर दिया है। महानगरों में 'महिला सुपारी किलिंग' जैसी कहानियां अक्सर सुनाई देती थीं पर बिहार के एक शांत शहर में शिक्षिका शिवानी वर्मा की निर्मम हत्या ने इस कथा को वास्तविकता का ऐसा झटका दिया है, जिससे पूरा इलाका हतप्रभ है। घटना की जड़ें एक व्यापारी और दूसरी महिला शिक्षिका के बीच चल रहे प्रेम संबंध में छिपी थीं। व्यापारी की पत्नी के लिए यह रिश्तों का जहर किसी औरत की छाया की तरह हो गया था। जलन, असुरक्षा और टूटते दांपत्य के बीच उसने एक ऐसा कदम उठाया, जिसे किसी भी सभ्य समाज में अच्छी दृष्टि से नहीं देखा जा सकता है। पत्नी ने एक ...