रुद्रपुर, अक्टूबर 10 -- रुद्रपुर/पंतनगर, हिटी। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि.) ने कहा कि राज्य के विभिन्न हिस्सों में प्राकृतिक खेती के प्रयोग सफल हो रहे हैं। हिमालय की गोद में पले किसान, प्रकृति से संवाद करते हुए धरती की उर्वरा शक्ति को पुनर्जीवित कर रहे हैं। यही मॉडल भारत को 'केमिकल-फ्री और पर्यावरण सुरक्षित भविष्य की ओर ले जाएगा। उन्होंने किसानों और वैज्ञानिकों से आह्वान किया कि जैविक खेती के साथ-साथ प्राकृतिक खेती को भी जन आंदोलन का रूप दिया जाए। राज्यपाल ने ये विचार शुक्रवार को अखिल भारतीय किसान मेला एवं कृषि उद्योग प्रदर्शनी के शुभारम्भ अवसर पर व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक अन्न उत्पन्न करना ही मनुष्य का व्रत होना चाहिए। यह केवल अन्न उत्पादन का आदेश नहीं, भूख मिटाने, समाज को पोषित करने और जीवन की निरंतरता बना...
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