हापुड़, अगस्त 3 -- नगर में स्थित राधा कृष्ण मंदिर में सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। कथा के दूसरे दिन भक्तों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। गंगा सेविका संध्या उपाध्याय ने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा का दूसरा व्यास यश कृष्ण आचार्य ने कहा कि प्रभु से बढ़कर कोई सुख और संपत्ति नहीं है। कहा कि मनुष्य जीवन को विषय-वस्तु को भोगने के लिए नहीं मिला है, बल्कि भगवान की भक्ति के लिए मिला है। उन्होंने यह भी कहा कि भागवत कथा श्रवण करने वालों का हमेशा कल्याण होता है। भगवान के स्वरूप और लीलाओं का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि भागवत को समझना भगवान को समझने के बराबर है। उन्होंने यह भी बताया कि जन्म-जन्मांतर और युग-युगांतर में जब पुण्य का उदय होता है, तब ऐसा अनुष्ठान होता है। कथावाचक ने कहा कि भागवत कथा का मूल मंत्र सदाचार है। जो इसे अपना लेता ...
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