शाहजहांपुर, फरवरी 6 -- स्वामी शुकदेवानंद कॉलेज के वाणिज्य विभाग में आयोजित प्रबंधकीय विकास कार्यक्रम के चौथे दिन "सफल नेतृत्व के लिए संप्रेषण कौशल" विषय पर व्याख्यान आयोजित किया गया। मुख्य वक्ता सुभाष चंद्र बोस राजकीय महिला महाविद्यालय, लखनऊ की वाणिज्य विभागाध्यक्ष डॉ क्रांति सिंह रहीं। उन्होंने कहा कि प्रभावी संप्रेषण के बिना सफल नेतृत्व की कल्पना करना व्यर्थ है। डॉ क्रांति सिंह ने संप्रेषण के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए मौखिक और गैर-मौखिक संप्रेषण के विभिन्न पहलुओं को सरल उदाहरणों के माध्यम से समझाया। उन्होंने बताया कि संप्रेषण में भय, कम सुनने की प्रवृत्ति और गलतफहमी जैसी बाधाएं आम हैं, लेकिन व्यावहारिक उपाय अपनाकर इन्हें दूर किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि स्पष्ट और प्रभावी संवाद न केवल सही दिशा-निर्देश देने में सहायक होता ह...