मोतिहारी, दिसम्बर 29 -- शहर के विभिन्न बाजारों में खुलेआम पॉलिथीन की बिक्री हो रही है। इसमें सबसे अधिक सब्जी व मछली विक्रेता इसका इस्तेमाल करते हैं। वहीं किराना और कपड़े के व्यवसायी भी इसकी बिक्री से अछूते नहीं है। इसके अलावा प्रतिदिन शहर में लाखों लीटर दूध की सप्लाई भी पॉलिथीन में होती है। इससे शहर में कचरे की मात्रा बढ़ती जा रही है। इसमें सबसे अधिक मात्रा पॉलिथीन की रहती है। इसे लोग कहीं भी फेंक देते हैं। बरसात के समय पॉलिथीन बहकर नाले में चला जाता है। नाले में इसकेे फंस जाने से कई जगहों पर नाला जाम हो जाता है। इस कारण शहरवासियों को बरसात के समय जलजमाव की समस्या से जूझना पड़ता है। पॉलिथीन के प्रोडक्शन पर लगे रोक: प्रशांत गुप्ता, संजय कुमार सिंह ने कहा कि पॉलिथीन के प्रोडक्शन पर रोक लगाने की जरुरत है। पॉलिथीन का प्रोडक्शन होने पर वह बाजा...