जमुई, दिसम्बर 19 -- जमुई । हिन्दुस्तान प्रतिनिधि बीते 13 दिसंबर की अहले सुबह पूर्व जिप अध्यक्ष ब्रह्मदेव रावत के भाई विनोद रावत पर हुआ जानलेवा हमला के मामले में अब तक पुलिस के हाथ खाली हैं। सूत्र बताते हैं कि पैसे के लेनदेन को लेकर साजिश के तहत हमला किया गया था। जब गंभीर रूप से घायल विनोद रावत को खुश आया तो उन्होंने पुलिस को सारी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बेटी की शादी के बाद वे दिल्ली शिफ्ट कर गए थे। दामाद का दवा का बड़ा व्यवसाय है। पूर्व में बेला पंचायत के धर्मपुर गांव निवासी अंबिका यादव और राम यादव पे. मधुसूदन यादव को उन्होंने 4 लाख कर्ज दिया था। दिल्ली में रहने वाले विनोद रावत एक महीना पूर्व जमुई आए थे। श्री रावत ने उन्हें फोन किया जिसे उन्होंने पैसा दिया था। आनाकानी करने के बाद घटना से 10 दिन पूर्व दोनों की मुलाकात जमुई व्यवहार न्...