नई दिल्ली, जून 26 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। हाई कोर्ट ने राष्ट्रीय राजधानी में पेड़ों की कटाई या प्रत्यारोपण पर मानक संचालन प्रक्रिया के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के लिए कई निर्देश पारित किए हैं। न्यायमूर्ति जसमीत सिंह की पीठ ने नागरिकों के अधिकारों व संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत संरक्षित स्वच्छ वातावरण में रहने के अधिकारों को महत्वपूर्ण माना है। पहले से ही राजपत्रित एसओपी के अलावा पीठ ने उप वन संरक्षक (डीसीएफ) या वृक्ष अधिकारी को किसी परियोजना के नियोजन चरण में शामिल होने का निर्देश दिया है। पीठ ने कहा है कि इसमें पेड़ों की कटाई या प्रत्यारोपण शामिल हो। पीठ ने इसके अतिरिक्त प्रतिपूरक पौधरोपण यह सुनिश्चित करेगा कि लगाए जाने वाले पेड़ 6 फीट से कम ऊंचे न हों, नर्सरी का जीवन पांच वर्ष हो और कॉलर की परिधि 10 सेमी से कम न हो...
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