लखनऊ, दिसम्बर 6 -- दुबग्गा के टांड़खेड़ा गांव में शुक्रवार शाम 50 वर्षीय नेत्रहीन की भतीजे और उसके बेटे ने गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात के पीछे 12500 रुपये हर महीने की पेंशन का विवाद सामने आया है। इसके अलावा जमीन का विवाद भी चल रहा था। पुलिस ने बताया कि 50 वर्षीय वीरेंद्र यादव अपनी वृद्ध मां अशोका देवी के साथ मानकनगर के मेहंदीखेड़ा में रहते थे। वह जन्म से नेत्रहीन थे। वीरेंद्र के पिता रेलवे में थे। कुछ साल पहले उनकी मौत के बाद से अशोका देवी को हर महीने 25 हजार रुपये पेंशन मिलती थी, जिससे वह अपना और नेत्रहीन बेटे का खर्च चलाती थीं। वीरेंद्र के ममेरे भाई कपिल यादव ने पुलिस को बताया कि वह करीब छह माह से अशोका देवी के साथ अपने ननिहाल टांड़खेड़ा गांव में रह रहे थे। अशोका देवी के पेंशन के रुपये अविवाहित चाचा वीरेंद्र पर खर्च करने की बात उनके ...