मुजफ्फरपुर, मई 4 -- मुजफ्फरपुर, हिप्र। पीएफआई व नक्सली वारदात से जुड़े मामलों में अभियोजन चलाने की राज्य के गृह विभाग से स्वीकृति नहीं मिलने के कारण सुनवाई रुक गई है। गैर कानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत दर्ज ऐसे मामले में अभियोजन चलाने के लिए स्वीकृति को अनिवार्य किया गया है। इसके बिना कोर्ट आरोप पत्र पर संज्ञान नहीं ले सकता। इसपर संज्ञान के बाद ही आरोपितों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई शुरू हो सकी है। प्रतिबंधित संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के फुलवारीशरीफ माड्यूल से जुड़े दो आरोपितों पूर्वी चंपारण जिला के मेहसी थाना के मोगलपुर गावं के याकूब खान उर्फ सुल्तान उर्फ उस्मान व चकिया थाना के हरपुर किशुनी गांव के बेलाल उर्फ इरशाद के विरुद्ध अभियोजन चलाने की गृह विभाग से स्वीकृति नहीं मिली है। इन दोनों के विरुद्ध मामले में ...
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