सासाराम, मई 14 -- चेनारी, एक संवाददाता । कैमूर पहाड़ी की सेंचुरी इलाका में पेयजल की भारी किल्लत हो गई है। ऐसे में जंगली जानवर पानी के लिए मैदानी भागों में विचरण करने लगे हैं। इससे पहाड़ी क्षेत्र में बसे गांवों में जंगली जानवर से खतरा बढ़ गया है। कई लोगों ने बताया कि शाम होते ही जंगली जानवर गांव के तालाब व कुएं के पास देखे जा रहे हैं। हालांकि अब तक जंगली जानवर के हमले से कोई अप्रिय घटना की सूचना नहीं है। फिर भी ग्रामीणों में जंगली जानवरों से खौफ है। क्योंकि हर साल जंगली जानवर के हमले से लोग घायल होते हैं। उगहनी के राजवंश पासवान, विनोद शर्मा ने बताया कि पेयजल संकट के कारण जंगली जानवर प्यास बुझाने के लिए पहाड़ की तराई वाले गांवों की तरफ रुख करते हैं। मुखिया ज्ञानचंद सिंह ने कहा कि विभागीय स्तर पर जंगली जानवरों की प्यास बुझाने के लिए समुचित व्...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.