नई दिल्ली, जनवरी 26 -- दिल्ली हाई कोर्ट ने 12 साल की बच्ची के साथ रेप के आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि किसी बच्चे के खिलाफ अपराध की गंभीरता परिवार को दी जाने वाली वित्तीय सहायता से कम नहीं होती है। आरोपी ने अपनी याचिका में कहा कि उसे झूठा फंसाया गया है क्योंकि उसका कथित तौर पर लड़की की मां के साथ सहमति से संबंध था। उसने आगे कहा कि वह परिवार का आर्थिक रूप से भरण-पोषण कर रहा था, जिससे लड़की नाखुश थी। आरोपी ने दावा किया कि लड़की की मां उससे जेल में मिलने भी आई थी। दिल्ली पुलिस ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि लड़की ने पुलिस और मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज किए गए अपने बयानों में लगातार अभियोजन पक्ष का समर्थन किया है, जिससे उसके बयान की विश्वसनीयता बढ़ जाती है। जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की अध्यक्षता वाली पीठ ने 14 जनवरी को कह...