इलाहाबाद, जून 2 -- बाबा रामदेव की कंपनी पतंजलि आयुर्वेद की ओर से 273.5 करोड़ रुपये के जीएसटी नोटिस के खिलाफ दायर याचिका को इलाहाबाद हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया है। जस्टिस शेखर बी सर्राफ और जस्टिस विपिन चंद्र दीक्षित की बेंच ने पतंजलि आयुर्वेद की इस दलील को मानने से इनकार कर दिया कि क्रिमिनल ट्रायल होने के बाद ही ऐसी पेनाल्टी लगनी चाहिए। अदालत ने कहा कि टैक्स अथॉरिटीज की तरफ से जीएसटी ऐक्ट के सेक्शन 122 के तहत पेनाल्टी लगाई जा सकती है। इसके लिए क्रिमिनल कोर्ट में किसी तरह के ट्रायल की जरूरत नहीं है। बेंच ने साफ कहा कि जीएसटी की पेनाल्टी का मामला सिविल प्रकृति का है। इसमें क्रिमिनल ट्रायल की कोई जरूरत नहीं है। बेंच ने कहा कि विस्तृत अध्ययन के बाद यह साफ है कि सेंट्रल जीएसटी ऐक्ट के सेक्शन 122 के तहत संबंधित अधिकारी कार्यवाही को आगे बढ़ा सकता...
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