नई दिल्ली, मई 25 -- नई दिल्ली, वरिष्ठ संवाददाता। पंडित गोपाल प्रसाद व्यास द्वारा रचित साहित्य मौजूदा समय में उतना ही प्रासंगिक है, जितना पहले था। व्यास के लेखन में आह्वान था। साहित्य समाज में बदलाव लाने के लिए प्रेरित करता है। व्यास का जीवन साहित्य की सेवा थी। यह उक्त बातें राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह ने रविवार को मुख्य अतिथि के रूप में कही। वह हिन्दी भवन न्यास समिति के संस्थापक मंत्री पंडित गोपाल प्रसाद व्यास रचनावली का लोकार्पण समारोह में हिन्दी भवन के सभागार में लोगों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने व्यास को याद करते हुए कहा कि उनका जीवन संघर्ष से भरा था। यह रचनावली व्यास के असंख्य चाहने वालों के लिए आनंद व ज्ञान का स्रोत सिद्ध होगी। यह रचनावली नौ खंडों और 13 भागों में प्रकाशित है। कार्यक्रम की अध्यक्षता झारखंड के पूर्व राज्...
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