बांदा, दिसम्बर 9 -- बांदा। संवाददाता सीजेएम न्यायालय ने जिला पंचायत अध्यक्ष की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने जिला पंचायत की पूर्व अध्यक्ष और उनके विधायक पति पर तहबाजारी में 120 करोड़ के गबन, महाविद्यालय में फर्जी नियुक्ति व विकास कार्यों में कूटरिचत हस्ताक्षर करने के आरोप लगाए थे। जज ने यह टिप्पणी करते हुए कि जिला पंचायत अध्यक्ष न तो पीड़ित पक्ष हैं और न ही प्रभावित। ऐसे में उनका प्रकरण निरस्त करने योग्य है। जिला पंचायत अध्यक्ष सुनील पटेल ने पूर्व अध्यक्ष के कार्यकाल में हुए भ्रष्टाचार के खिलाफ मुख्य न्यायिक मजिस्टेट की अदालत में याचिका दायर की थी। उन्होंने वर्ष 2018 से 2020 तक जिला पंचायत अध्यक्ष रहीं सरिता द्विवेदी के कार्यकाल में तहबाजारी में 120 करोड़ रुपये का गबन करने और उनके पति सदर विधायक प्रकाश द्विवेदी पर कूटरचित हस्...
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