हल्द्वानी, अप्रैल 7 -- नैनीताल। डीएसबी परिसर स्थित महिला अध्ययन केंद्र की ओर से दो दिवसीय जनजातीय सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर सोमवार को छात्र-छात्राओं को उत्तराखंड की जनजातियों की सांस्कृतिक, सामाजिक एवं ऐतिहासिक पृष्ठभूमि से अवगत कराया गया। सम्मेलन के प्रथम दिन मुख्य अतिथि के रूप में न्यायमूर्ति राजेश टंडन उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रो. ललित तिवारी ने किया। सम्मेलन में निदेशक प्रो. नीता बोरा शर्मा, कुलपति अल्मोड़ा प्रो. सतपाल सिंह बिष्ट, प्रो. विजया आदि ने विचार रखे। जनजातीय समुदायों की विशेषताओं, चुनौतियों एवं उनके संरक्षण की आवश्यकता पर विस्तृत चर्चा की गई। दो दिवसीय इस सम्मेलन में छात्रों की ओर से जनजातीय विषयों पर शोध पत्र प्रस्तुत कर विचार-विमर्श किया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में उत्तराखंड क...
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