नूंह। सरसमल, अक्टूबर 5 -- हरियाणा के नूंह जिले की बंजर भूमि में अब खेती की नई उम्मीद जगी है। सिंचाई के लिए स्थायी पानी मिलने पर किसान यहां भी खेती कर सकेंगे। बरसाती पानी की निकासी के लिए गुरुग्राम से वाया नूंह जिला पलवल की यमुना तक बनाए जाने वाले नाले से यह संभव होगा। ऐसा होने पर नूंह के किसानों की बरसों पुरानी मांग पूरी होने की आस बढ़ गई है। गुरुग्राम में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई बैठक में गुरुग्राम की जलभराव समस्या के स्थायी समाधान पर चर्चा की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि गुरुग्राम से सोहना, नूंह और पलवल होते हुए यमुना नदी तक एक नया बरसाती नाला बनाया जाएगा। इस परियोजना से नजफगढ़ नाला पर दबाव घटेगा और नूंह जिले में जल की उपलब्धता बढ़ेगी। डीपीआर बनाने के निर्देश अधिकारियों को एक महीने में परियोजना की वि...