लखनऊ, दिसम्बर 13 -- लखनऊ। मोहनलालगंज स्थित ऊं श्री परमहंस आश्रम (परमधाम) में भक्ति, सेवा और सद्भाव के संगम का अनुपम दृश्य देखने को मिला। जब आश्रम परिसर में भंडारा एवं प्रसाद वितरण हुआ। आश्रम के अधिष्ठाता बाबा संजय दास ने कहा कि मानव जीवन का परम लक्ष्य आत्मज्ञान और आत्मशांति की प्राप्ति है। निस्वार्थ सेवा ही सर्वोच्च साधना है, जो मन को निर्मल और आत्मा को आलोकित करती है। कार्यक्रम में प्रदीप, अजय तिवारी, अनूप मिश्रा, सर्वेश कुमार, अशोक यादव, अंबेश सिंह, आनंद राय, रामबहादुर सिंह, राजू यादव आदि का योगदान रहा।
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