देवरिया, जनवरी 1 -- देवरिया, निज संवाददाता ब्लाकों में वर्षों से मनरेगा के एपीओ जमे हुए हैं। कुछ पांच तो कुछ सात साल से एक विकास खण्ड में तैनात हैं। जबकि शासन से तीन साल बाद तबादले का निर्देश है। जिम्मेदार अधिकारी शासनादेश का पालन नहीं कर रहे हैं। मनरेगा में अनियमिता पर अंकुश लगाने को एपीओ का तीन साल में तबादला करने का निर्देश है। मनरेगा योजना में प्रोजेक्ट बनाने, कार्य की निगरानी करने को प्रत्येक विकास खण्ड में एक-एक एपीओ की तैनाती की गयी। इसके अलावा दो एपीओ को जिला मुख्यालय पर श्रम एवं रोजगार कार्यालय का कार्य देखने को तैनात किया गया। मनरेगा में पारदर्शिता, अनियमितता पर अंकुश लगाने को शासन ने एपीओ की तीन साल बाद दूसरे विकास खण्ड में तबादला करने का निर्देश दिया है। जिससे एपीओ एक विकास खण्ड में वर्षो तक तैनात न रहे हैं। लेकिन जिले के अधिक...