नई दिल्ली, जनवरी 23 -- दिल्ली हाई कोर्ट ने शुक्रवार को दिल्ली सरकार के उस फैसले को सही ठहराया है, जिसमें निजी स्कूलों में पढ़ने वाले आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित वर्ग के छात्रों को उनकी वर्दी खरीदने के लिए सीधे नकद देने का फैसला किया गया था। हाई कोर्ट ने कहा कि अधिकारियों को हर छात्र के लिए अलग-अलग आदेश प्रक्रिया करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा। अधिकारियों को वर्दी देने के अपने पिछले निर्देश में बदलाव करते हुए पीठ ने फैसला सुनाया कि प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (डीबीटी) के जरिए सब्सिडी देने का सरकार का फैसला शिक्षा के अधिकार (आरटीई) अधिनियम के आदेश के खिलाफ नहीं है। हाई कोर्ट ने आगे कहा कि इस तरीके से यह पक्का होगा कि छात्रों को उनकी वर्दी समय पर मिल जाए। मुख्य न्यायाधीश देवेन्द्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस सुब्रमण्यम प्रसाद की पीठ ने दि...
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