नई दिल्ली, मार्च 29 -- पढ़ाई में पिछड़ने का डर, ऑफिस में असफल होने का विचार, दूसरों से कमतर होने का भय- ये सभी नकारात्मक विचार हैं, जो हमें दिन-रात परेशान कर सकते हैं। जर्नल ऑफ साइकोलॉजिकल रिसर्च के अनुसार, हमारे 80% विचार नकारात्मक होते हैं। ये सभी विचार जीवन के महत्वपूर्ण पहलुओं-रिश्ते, काम, स्कूल पर आधारित होते हैं। इनमें से ज्यादातर विचार दूसरों के द्वारा कही गई बातों पर आधारित होते हैं। दरअसल, रोजमर्रा के जीवन में हमें घर-बाहर कई ऐसे लोगों का सामना करना पड़ सकता है, जो न केवल नकारात्मक बातें कहते हैं, बल्कि उनका व्यवहार भी नकारात्मक होता है।कैसे प्रभावित करती है नकारात्मकता जर्नल ऑफ मेंटल हेल्थ में प्रकाशित शोध बताते हैं कि अगर आप लगातार नकारात्मकता यानी निगेटिविटी से सामना करती रहती हैं, तो यह मस्तिष्क को नुकसान पहुंचा सकती है। यह डिमे...
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