नई दिल्ली, नवम्बर 12 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। भ्रष्टाचार और चोरी के गंभीर आरोपों में दोषी पाए गए नगर निगम के दो पूर्व शिक्षकों को उप राज्यपाल वी.के. सक्सेना से कोई राहत नहीं मिली है। राजनिवास के अनुसार, उप राज्यपाल ने दोनों की अपीलें खारिज करते हुए सेवा से हटाने के फैसले को बरकरार रखा है। पहला मामला चूना मंडी, करोल बाग स्थित नगर निगम प्राथमिक विद्यालय से जुड़ा है, जहां शिक्षक पर विद्यालय प्रभारी रहते हुए 20 लाख रुपये नकद निकालने और स्कूल खाते से छह लाख रुपये से अधिक निकालने का आरोप था। उन्होंने उपयोगिता प्रमाण पत्र पर किसी अन्य शिक्षक के जाली हस्ताक्षर भी किए थे। जांच में दोषी पाए जाने पर निगमायुक्त ने जून 2025 में उन्हें बर्खास्त किया था। दूसरा मामला एक अप्रैल 2017 का है, जब देहरादून शताब्दी एक्सप्रेस में चोरी के आरोप में पकड़े गए...