इटावा औरैया, जनवरी 21 -- ऊसराहार। तीन माह से जन्म प्रमाणपत्र न बनने के कारण लोग परेशान हैं। कुछ दिनों बाद बच्चों के एडमीशन कराने होंगे और तब यह परेशानी और भी बढ़ जाएगी। परिषदीय विद्यालयों में दाखिले के लिए आधार कार्ड अनिवार्य है जबकि बिना जन्म प्रमाणपत्र के आधार कार्ड बनना संभव नहीं है। ऐसे में बच्चों का न तो दाखिला पूर्ण हो पा रहा है और न ही उन्हें डीबीटी के माध्यम से ड्रेस जूते-मोजे व अन्य आवश्यक सामग्री का लाभ मिल पा रहा है। इस स्थिति को देखते हुए परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों ने अभिभावकों से आवश्यक कागजात एकत्र कर बीआरसी के माध्यम से जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के लिए ब्लॉक मुख्यालय भिजवाए थे। इसके बाद भी आपसी समन्वय की कमी के चलते करीब 300 बच्चों के जन्म प्रमाणपत्र अब तक नहीं बन सके हैं। इस संबंध में सहायक लेखाकार विपिन कुमार ने बताया कि...