कानपुर, नवम्बर 4 -- जल निकासी न होने के कारण किसानों को हर साल फसल नुकसान उठाना पड़ता है। यमुना नदी के पास स्थित नयापुरवा गांव के पास बाढ़ का पानी खेतों में महीनों तक भरा रहता है। जिससे फसलें गल जाती हैं, और किसान दूसरी फसलों की बुवाई भी नहीं कर पाते है। बाढ़ खत्म होने के डेढ माह बाद भी तलहटी के खेतों का पानी नहीं सूख सका है। यमुना सेंगुर की बाढ़ के पानी से हर साल नयापुरवा गांव के किसानों के डेढ़ सौ बीघा फसल नष्ट हो जाती है। जल निकासी की सुविधा न होने से चार महीने तक खेतों में पानी भरा रहता है। बाढ़ के पानी से हर साल फसल नुकसान उठाने वाले किसानों को पूरी क्षति पूर्ति भी नहीं मिल पाती है। वहीं हर साल हजारों बीघा कृषि योग्य भूमि यमुना नदी मे आयी बाढ़ की भेंट चढ़ जाती है। 10 वर्ष से किसानों की फसलें नष्ट हो रही हैं। किसानों को इस भूमि से महज एक ही फ...