नई दिल्ली, नवम्बर 3 -- मुंबई में 60 साल के एक नकली वैज्ञानिक को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी ने भाभा रिसर्च सेंटर का वैज्ञानिक होने का दावा करके पिछले 30 साल में करोड़ों की फंडिंग प्राप्त की। उसने संवेदनशील न्यूक्लियर डेटा बेचने का दावा किया था। आरोपी का नाम अख्तर हुसैनी बताया गया है। उसके पास से 10 मैप और परमाणु हथियारों से संबंधित नकली आंकड़े भी बरामद किए गए हैं। आरोपी झारखंड के जमशेदपुर का रहने वाला है। आरोपी के पास से नकली पासपोर्ट, पैन कार्ड और BARC का नकली आईकार्ड भी पाया गया है। एक आईडी में उसका नाम अली रजा हुसैन लिखा हुआ है। वहीं दूसरी में अलेग्जेंडर पाल्मर लिखा पाया गया है। दिल्ली में उसके भाई आदिल को भी गिरफ्तार किया गया है। मुंबई पुलिस क्राइम ब्रांच के सूत्रों के मुताबिक हसैनी के भाई को 1995 में फंडिंग मिलनी शुरू हुई थी। शुरू मे...